चंडीगढ़ न्यूज डेस्क: दिल्ली से चंडीगढ़ के बीच का सफर आने वाले वर्षों में बेहद तेज और आसान होने वाला है। अभी जहां दिल्ली से चंडीगढ़ पहुंचने में करीब 5 से 6 घंटे लगते हैं, वहीं नए एक्सप्रेसवे नेटवर्क के शुरू होने के बाद यह दूरी लगभग 2 घंटे में पूरी की जा सकेगी।
इस बदलाव के केंद्र में दिल्ली-अमृतसर-कटरा एक्सप्रेसवे है, जिसे देश की सबसे महत्वाकांक्षी सड़क परियोजनाओं में गिना जा रहा है। करीब 38,905 करोड़ रुपये की लागत से बन रहे इस एक्सप्रेसवे को 120 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार के हिसाब से डिजाइन किया गया है। इसके चालू होने से सिर्फ चंडीगढ़ ही नहीं, बल्कि अमृतसर और कटरा तक की यात्रा भी काफी कम समय में पूरी हो सकेगी।
दिल्ली से चंडीगढ़ जाने वाले यात्रियों के लिए नया रूट कई एक्सप्रेसवे को जोड़कर तैयार किया जा रहा है। इसमें द्वारका एक्सप्रेसवे, अर्बन एक्सटेंशन रोड, कुंडली-मानेसर-पलवल एक्सप्रेसवे और दिल्ली-अमृतसर-कटरा एक्सप्रेसवे शामिल होंगे। इसके बाद ट्रांस-हरियाणा एक्सप्रेसवे के जरिए अंबाला होते हुए चंडीगढ़ पहुंचा जा सकेगा।
इस परियोजना का फायदा पंजाब और जम्मू और कश्मीर तक देखने को मिलेगा। दिल्ली से अमृतसर का सफर करीब 4 घंटे में और दिल्ली से कटरा की यात्रा लगभग 6 घंटे में पूरी होने की उम्मीद है, जबकि अभी इसमें 14 घंटे तक लग जाते हैं।
अधिकारियों के अनुसार, निर्माण कार्य अब तेजी से आगे बढ़ रहा है और पूरे कॉरिडोर को मार्च 2027 तक पूरा करने का लक्ष्य रखा गया है। कई हिस्सों में काम अंतिम चरण में पहुंच चुका है।
सरकार और एजेंसियों का मानना है कि यह एक्सप्रेसवे नेटवर्क हरियाणा, पंजाब और दिल्ली-एनसीआर की कनेक्टिविटी को पूरी तरह बदल देगा। इससे पर्यटन, लॉजिस्टिक्स और औद्योगिक गतिविधियों को बड़ा बढ़ावा मिलने की उम्मीद है। साथ ही प्रमुख इंटरचेंज के आसपास रियल एस्टेट और व्यापारिक विकास भी तेजी से बढ़ सकता है।