चंडीगढ़ न्यूज डेस्क: पंजाब में किसान संगठनों और पुलिस के बीच उस समय तनावपूर्ण स्थिति बन गई जब संयुक्त किसान मोर्चा (SKM) के बैनर तले हजारों किसान चंडीगढ़ की ओर कूच करने लगे। किसानों का उद्देश्य पंजाब के राज्यपाल गुलाब चंद कटारिया को ज्ञापन सौंपना था, जिसके लिए वे मोहाली के साहिब गुरुद्वारे के पास इकट्ठा हुए थे।
जैसे ही किसान चंडीगढ़-मोहाली सीमा की ओर बढ़े और बैरिकेड्स को पार करने की कोशिश की, पुलिस ने उन्हें रोक दिया। स्थिति बिगड़ने पर पुलिस ने भीड़ को नियंत्रित करने के लिए वाटर कैनन और आंसू गैस का इस्तेमाल किया। इस दौरान कई किसानों को हिरासत में भी लिया गया और दोनों पक्षों के बीच झड़प देखने को मिली।
किसान नेताओं का कहना है कि वे शांतिपूर्ण तरीके से अपना ज्ञापन सौंपना चाहते थे, लेकिन पुलिस कार्रवाई के कारण स्थिति बिगड़ गई। कुछ नेताओं ने यह भी दावा किया कि पुलिस कार्रवाई में कई किसान घायल हुए हैं, जबकि प्रशासन ने कानून-व्यवस्था बनाए रखने की बात कही है।
किसान संगठनों ने अपने कई मुद्दों को लेकर विरोध जताया है, जिनमें एमएसपी की कानूनी गारंटी, सहकारी ऋण सीमा बहाली, नदी जल विवाद का समाधान और बिजली व कृषि से जुड़े नए कानूनों का विरोध शामिल है। इस प्रदर्शन के चलते चंडीगढ़ जाने वाले कई मार्गों पर यातायात प्रभावित हुआ और सुरक्षा व्यवस्था कड़ी कर दी गई।