चंडीगढ़ न्यूज डेस्क: चंडीगढ़, पंचकूला और मोहाली (ट्राइसिटी) में मंगलवार को ऐप आधारित टैक्सी सेवाओं के हजारों चालकों की हड़ताल के कारण यात्रियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। Uber, Ola और अन्य प्लेटफॉर्म से जुड़े चालक सुबह 10 बजे से शाम 4 बजे तक हड़ताल पर रहे। चालक संगठनों ने चेतावनी दी है कि यदि उनकी मांगें नहीं मानी गईं तो आंदोलन 16 जून तक जारी रह सकता है।
चालकों का कहना है कि वर्ष 2025 में लागू की गई किराया नीति उनके लिए घाटे का सौदा साबित हो रही है। मौजूदा व्यवस्था के तहत प्रति किलोमीटर 25 रुपये किराया निर्धारित है, जबकि ईंधन, बीमा, वाहन रखरखाव, स्पेयर पार्ट्स और सर्विसिंग की लागत लगातार बढ़ रही है। उनका आरोप है कि वर्तमान किराया संरचना उनकी परिचालन लागत को भी पूरा नहीं कर पा रही है।
इसी मुद्दे को लेकर सोमवार को चंडीगढ़ के सेक्टर-25 रैली ग्राउंड में चालक संगठनों ने प्रदर्शन किया था। इस दौरान प्रतीकात्मक शवयात्रा निकालकर उन्होंने अपनी मांगों और समस्याओं को प्रशासन के सामने रखा।
हड़ताली चालकों की प्रमुख मांग प्रति किलोमीटर किराया 25 रुपये से बढ़ाकर 35 रुपये करने की है। उनका कहना है कि सीएनजी की कीमतों में लगभग 9 रुपये की बढ़ोतरी और बढ़ती महंगाई को देखते हुए किराए में संशोधन जरूरी है। इसके साथ ही वे प्रशासन से निजी कंपनियों की कथित मनमानी पर रोक लगाने और परिवहन क्षेत्र में निष्पक्ष प्रतिस्पर्धा सुनिश्चित करने की मांग कर रहे हैं।
चालकों ने कुछ ऐप आधारित कंपनियों पर यह आरोप भी लगाया है कि वे व्यावसायिक सेवाओं के लिए सफेद नंबर प्लेट वाले निजी वाहनों का उपयोग कर रही हैं, जो नियमों के विपरीत है। उनका कहना है कि इससे वैध रूप से पंजीकृत टैक्सी चालकों की आय और रोजगार के अवसर प्रभावित हो रहे हैं।