चंडीगढ़ न्यूज डेस्क: मोहाली के पुडा भवन में स्थित ग्रेटर मोहाली एरिया डेवलपमेंट अथॉरिटी (जीएमएडीए) के मुख्यालय में प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) की 50 घंटे से ज्यादा चली कार्रवाई गुरुवार दोपहर खत्म हो गई। ईडी की टीम मंगलवार दोपहर यहां पहुंची थी और लगातार तीन दिन तक दस्तावेजों और इलेक्ट्रॉनिक रिकॉर्ड की जांच करती रही।
जानकारी के मुताबिक, ईडी की जालंधर जोन की टीम ने इस दौरान जीएमएडीए के आठ वरिष्ठ अधिकारियों को परिसर के अंदर ही रखा। एजेंसी ने कार्यालय में मौजूद सरकारी दस्तावेजों को खंगाला, उनकी कॉपियां तैयार कीं और कई इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस को भी जांच के दायरे में लिया। अधिकारियों के मोबाइल फोन का क्लोन भी बनाया गया।
कार्रवाई के दौरान जीएमएडीए के सर्वर, कंप्यूटर और दूसरे इलेक्ट्रॉनिक सिस्टम को भी स्कैन किया गया। ईडी की टीम अपने साथ कई इलेक्ट्रॉनिक डिवाइस और दस्तावेज लेकर गई है। हालांकि, अभी तक एजेंसी की ओर से इस कार्रवाई के पीछे की पूरी वजह या जांच से जुड़े विस्तृत निष्कर्ष सार्वजनिक नहीं किए गए हैं।
जीएमएडीए मोहाली क्षेत्र में शहरी प्लानिंग और मास्टर प्लान लागू करने से लेकर जमीन अधिग्रहण और इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट तक कई अहम काम देखता है। इसके अलावा प्राइवेट रियल एस्टेट को रेगुलेट करना और रिहायशी व कमर्शियल प्लॉट के अलॉटमेंट की जिम्मेदारी भी अथॉरिटी के पास है। ईडी की लंबी कार्रवाई के बाद अब जांच में सामने आने वाली जानकारी पर नजर बनी हुई है।