चंडीगढ़ न्यूज डेस्क: हिमाचल प्रदेश में लगातार हो रही बारिश ने यातायात व्यवस्था को बुरी तरह प्रभावित कर दिया है। चंडीगढ़–कीरतपुर–मनाली नेशनल हाईवे दो जिलों में बंद हो गया है। मंडी के पंडोह और बिलासपुर के जगातखाना के पास भूस्खलन और पत्थर गिरने से सड़क अवरुद्ध हो गई है, जिसके कारण दोनों ओर गाड़ियों की लंबी कतारें लग गई हैं। फिलहाल बसों और गाड़ियों को पुराने स्वारघाट मार्ग से डायवर्ट किया जा रहा है, लेकिन पंडोह में हाईवे खोलने में काफी समय लग सकता है।
मंडी के पंडोह डैम के पास शुक्रवार सुबह बड़ा भूस्खलन हुआ, जिसमें सड़क का एक हिस्सा ब्यास नदी में समा गया और वहां गहरी खाई बन गई। हादसे के दौरान एक टैक्सी पर पत्थर भी गिरे, हालांकि चालक सुरक्षित बच गया। कुल्लू-मनाली जाने के लिए वैकल्पिक कटौला–मंडी मार्ग उपलब्ध है, लेकिन यहां सिर्फ छोटी गाड़ियों को ही अनुमति है, बड़ी गाड़ियों का प्रवेश वर्जित है।
बिलासपुर जिले में भी स्थिति गंभीर है, जहां जगातखाना के पास फोरलेन पर भूस्खलन के कारण हमीरपुर, मंडी और कांगड़ा से आने वाले वाहन फंसे हुए हैं। चंडीगढ़ और कीरतपुर से आ रहे वाहन भी जाम में फंसे हैं। पुलिस प्रशासन पुराने नौणी–स्वारघाट मार्ग से यातायात को सुचारु करने की कोशिश कर रहा है।
मनाली–लेह हाईवे पर धुंधी के पास भी सड़क धंसने से यातायात बंद हुआ था, लेकिन अब एकतरफा यातायात शुरू हो गया है। लाहौल-स्पीति में अटल टनल से मनाली मार्ग पर धुंधी ब्रिज के पास भूस्खलन हटाकर रास्ता खोल दिया गया है। हालांकि, कोक्सर से लोसर और कुंजुम टॉप की सड़क फ्लैश फ्लड के कारण बंद है। मौसम विभाग ने अभी भी पूरे क्षेत्र में बादल छाए रहने और बारिश की संभावना जताई है।