चंडीगढ़ न्यूज डेस्क: चंडीगढ़ प्रशासन ने सेक्टर-53 में प्रस्तावित 1,000 बेड के रीजनल मेडिकल हब के लिए केंद्र से 2,000 करोड़ रुपये की मदद मांगी है। इसे एआईआईएमएस स्तर के सुपर स्पेशियलिटी सेंटर के तौर पर विकसित करने की योजना है, जहां इलाज के साथ मेडिकल रिसर्च और पोस्टग्रेजुएट शिक्षा की सुविधा भी होगी। यूटी प्रशासक गुलाब चंद कटारिया ने मंगलवार को नई दिल्ली में केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्री जेपी नड्डा से मुलाकात कर प्रोजेक्ट के लिए जल्द केंद्रीय मदद देने की मांग की। इसके अलावा चंडीगढ़ के मेडिकल कॉलेज में पोस्टग्रेजुएट की 36 अतिरिक्त सीटें देने का मुद्दा भी उठाया।
यह मेडिकल हब सेक्टर-53 में विकास मार्ग के पास 10 एकड़ जमीन पर बनाने की योजना है, जबकि 4 एकड़ में रिहायशी और प्रशासनिक सुविधाएं विकसित की जाएंगी। पूरे प्रोजेक्ट की अनुमानित लागत करीब 2,154 करोड़ रुपये है, जिसमें 1,704 करोड़ रुपये सिविल निर्माण और 450 करोड़ रुपये आधुनिक मेडिकल उपकरणों पर खर्च होने हैं। योजना के तहत 500-500 बेड के दो सेंटर बनाए जाएंगे। इनमें एक वुमन एंड चाइल्ड हेल्थ केयर सेंटर और दूसरा सुपर स्पेशियलिटी केयर सेंटर होगा, जहां ट्रॉमा, कार्डियोलॉजी, न्यूरोलॉजी और इमरजेंसी जैसी सेवाएं मिलेंगी। हालांकि, इससे पहले केंद्रीय स्वास्थ्य मंत्रालय ने चंडीगढ़ प्रशासन को प्रोजेक्ट के लिए अपने बजट से फंड जुटाने पर विचार करने को कहा था।
कटारिया की दिल्ली यात्रा के दौरान उच्च शिक्षा और नशामुक्ति से जुड़े मुद्दे भी उठाए गए। केंद्रीय शिक्षा मंत्री प्रह्लाद जोशी से मुलाकात में उन्होंने पंजाब इंजीनियरिंग कॉलेज को बंगाल इंजीनियरिंग कॉलेज, शिबपुर की तर्ज पर सेंट्रली फंडेड टेक्निकल इंस्टीट्यूशन का दर्जा देने की मांग की। साथ ही यूजीसी रेगुलेशन 2018 के तहत पीईसी के लिए वाइस चांसलर की नियुक्ति का मुद्दा भी उठाया। वहीं केंद्रीय गृह मंत्री अमित शाह से मुलाकात में चंडीगढ़ को नशामुक्त बनाने के लिए केंद्र की मदद मांगी गई। इसमें नशे से प्रभावित लोगों के पुनर्वास के साथ उन्हें स्किल ट्रेनिंग और रोजगार से जोड़ने की योजना पर जोर दिया गया।
इसके अलावा केंद्र ने सेक्टर-19 स्थित ले कोर्बुजिए सेंटर में डिजिटल म्यूजियम बनाने के लिए 19 करोड़ रुपये मंजूर किए हैं। स्वदेश दर्शन 2.0 योजना के तहत कॉम्प्लेक्स के ब्लॉक बी को डिजिटल आर्किटेक्चर म्यूजियम में बदला जाएगा, जबकि दूसरे हिस्से में मौजूदा म्यूजियम बना रहेगा। यहां सात थीम आधारित गैलरी होंगी, जिनमें वर्चुअल रियलिटी, ऑगमेंटेड रियलिटी, मिक्स्ड रियलिटी, होलोग्राफिक प्रोजेक्शन और इंटरएक्टिव डिस्प्ले का इस्तेमाल होगा। रिसर्च के लिए डिजिटल आर्काइव वर्कस्टेशन, रीडिंग लाउंज और रेफरेंस लाइब्रेरी भी बनाई जाएगी। कटारिया ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू को दिसंबर में फाजिल्का के अफसावाला वॉर मेमोरियल में होने वाले विजय दिवस कार्यक्रम में शामिल होने का न्योता दिया। उन्होंने उपराष्ट्रपति सीपी राधाकृष्णन से भी मुलाकात कर पंजाब यूनिवर्सिटी को बेहतर यूनिवर्सिटी बनाने और वहां एआई सेंटर शुरू करने को लेकर चर्चा की।