चंडीगढ़ न्यूज डेस्क: पंजाब के वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा, आम आदमी पार्टी के पंजाब प्रभारी मनीष सिसोदिया और पार्टी के कई नेता, विधायक व कार्यकर्ता चंडीगढ़ में हुए प्रदर्शन में शामिल हुए। यह प्रदर्शन युवाओं की अगुवाई में चलाए जा रहे उस अभियान के समर्थन में किया गया, जिसमें वोटर लिस्ट के स्पेशल इंटेंसिव रिवीजन (एसआईआर) में गड़बड़ियों के आरोप लगाए गए हैं।
प्रदर्शन के दौरान उस समय तनाव बढ़ गया, जब आम आदमी पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने चुनाव आयोग के दफ्तर का घेराव करने के लिए आगे बढ़ना शुरू किया। चंडीगढ़ पुलिस ने उन्हें रोकने के लिए बैरिकेडिंग की, जिसके बाद प्रदर्शनकारियों और पुलिस के बीच धक्का-मुक्की हुई।
इस दौरान पुलिस ने मनीष सिसोदिया समेत कई प्रदर्शनकारियों को हिरासत में ले लिया। प्रदर्शन में पार्टी के नेताओं और कार्यकर्ताओं ने वोटर लिस्ट में पारदर्शिता और लोगों के मतदान के अधिकारों का मुद्दा उठाया। आम आदमी पार्टी ने चुनाव आयोग से कथित गड़बड़ियों पर जवाब देने और जवाबदेही तय करने की मांग की।
इस प्रदर्शन के जरिए आम आदमी पार्टी ने वोटर लिस्ट में बदलाव की प्रक्रिया को लेकर अपना विरोध दर्ज कराया। एसआईआर को लेकर लगाए गए आरोपों के बीच यह मामला चुनाव आयोग और पार्टी के बीच राजनीतिक टकराव का मुद्दा बन गया है।