चंडीगढ़ न्यूज डेस्क: अंबाला-चंडीगढ़ राष्ट्रीय राजमार्ग पर मंगलवार को किसानों के प्रस्तावित दिल्ली मार्च के चलते भारी जाम लग गया। हरियाणा पुलिस ने शंभू बॉर्डर पर अमृतसर-दिल्ली जीटी रोड को सुरक्षा कारणों से बंद कर दिया, जिसके बाद पूरा ट्रैफिक अंबाला-चंडीगढ़ हाईवे की ओर मोड़ दिया गया। इससे लेहली-लालरू मार्ग पर कई किलोमीटर लंबा जाम लग गया।
जाम में ट्रक, बसें, निजी कारें और दोपहिया वाहन घंटों फंसे रहे। सर्विस लेन भी वाहनों से पूरी तरह भर गई। हजारों यात्रियों, दफ्तर जाने वाले लोगों, छात्रों और स्थानीय निवासियों को भारी परेशानी का सामना करना पड़ा। कई लोगों ने वैकल्पिक रास्तों का सहारा लिया, लेकिन वहां भी ट्रैफिक का दबाव बढ़ने से स्थिति सामान्य नहीं हो सकी।
किसानों के दिल्ली मार्च को देखते हुए हरियाणा पुलिस ने जीटी रोड पर कई जगह बैरिकेडिंग की और भारी मशीनों की मदद से अस्थायी रूप से रास्ते बंद किए। कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए बड़ी संख्या में पुलिस बल तैनात किया गया।
ट्रैफिक एसपी नवनीत सिंह महल ने बताया कि शंभू बॉर्डर बंद होने के कारण किसानों की आगे बढ़ने की आवाजाही रोक दी गई थी, इसलिए पूरा ट्रैफिक लेहली-लालरू हाईवे की ओर मोड़ना पड़ा। पुलिस मौके पर तैनात है और यातायात को सुचारु करने का प्रयास कर रही है।
प्रत्यक्षदर्शियों के अनुसार सुबह से ट्रैफिक बढ़ना शुरू हुआ और दोपहर तक कई किलोमीटर लंबी वाहनों की कतार लग गई। जाम का असर एंबुलेंस जैसी आपातकालीन सेवाओं पर भी पड़ा, जिन्हें रास्ता बनाने में काफी मुश्किल हुई।
दिल्ली जा रहे यात्री राजीव जैन ने कहा कि ऐसे विरोध प्रदर्शनों का सबसे ज्यादा असर आम लोगों पर पड़ता है। उन्होंने बताया कि उन्हें दोपहर 1 बजे तक दिल्ली पहुंचना था, लेकिन वे दो घंटे से अधिक समय तक जाम में फंसे रहे।