चंडीगढ़ न्यूज डेस्क: चंडीगढ़ में उच्च शिक्षा विभाग (DHE) के ई-एडमिशन पोर्टल की साइबर सुरक्षा को लेकर पंजाब एवं हरियाणा हाईकोर्ट में एक जनहित याचिका (PIL) दायर की गई है। अधिवक्ता राजा विक्रांत शर्मा ने 23 जून को दायर याचिका में आरोप लगाया है कि पोर्टल बिना SSL/HTTPS एन्क्रिप्शन के संचालित हो रहा है, जबकि छात्रों से आधार नंबर, बैंक विवरण और बायोमेट्रिक जानकारी जैसी संवेदनशील जानकारियां मांगी जा रही हैं।
याचिका में कहा गया है कि बिना एन्क्रिप्शन वाले पोर्टल पर दर्ज की गई निजी जानकारी साइबर हमलों और डेटा चोरी के जोखिम में रहती है। अधिवक्ता ने दावा किया कि उन्होंने 10 फरवरी 2026 को यूटी प्रशासक को औपचारिक शिकायत भेजकर नौ सरकारी पोर्टलों की सुरक्षा खामियों की ओर ध्यान आकर्षित किया था। इनमें न्याय, शिक्षा, कल्याण, आईटी, खाद्य सुरक्षा, तकनीकी शिक्षा, पुस्तकालय और नागरिक सेवाओं से जुड़े पोर्टल शामिल थे।
इसके बाद 28 मई 2026 को एक कानूनी नोटिस भेजकर मांग की गई थी कि प्रवेश प्रक्रिया शुरू होने से पहले ई-एडमिशन पोर्टल पर HTTPS सुरक्षा लागू की जाए या फिर छात्रों के लिए सुरक्षित ऑफलाइन व्यवस्था उपलब्ध कराई जाए। हालांकि, याचिका के अनुसार 18 जून 2026 को विभाग ने बिना HTTPS सुरक्षा के ही प्रवेश प्रक्रिया शुरू कर दी।
याचिकाकर्ता ने अदालत से छात्रों की निजी और वित्तीय जानकारी की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए तत्काल हस्तक्षेप की मांग की है। उनका कहना है कि सरकारी पोर्टलों पर मजबूत साइबर सुरक्षा व्यवस्था नागरिकों की गोपनीयता और डेटा संरक्षण के लिए बेहद जरूरी है।