चंडीगढ़ न्यूज डेस्क: गर्मियों की छुट्टियों में यात्रियों की भारी भीड़ को देखते हुए उत्तर रेलवे द्वारा शुरू की गई चंडीगढ़-हावड़ा ग्रीष्मकालीन विशेष ट्रेन (Summer Special Train) को यात्रियों का जबरदस्त रिस्पॉन्स मिल रहा है। 'ट्रैफिक ऑन डिमांड' (TOD) योजना के तहत संचालित यह ट्रेन अपनी पूरी क्षमता के साथ चल रही है, जिससे उत्तर और पूर्वी भारत के बीच यात्रा करने वाले यात्रियों को बड़ी राहत मिली है। रेलवे अधिकारियों के अनुसार, चंडीगढ़ और हावड़ा दोनों ही दिशाओं से यह ट्रेन फुल बुकिंग के साथ रवाना हो रही है।
शेड्यूल के मुताबिक, यह ट्रेन चंडीगढ़ से 18 अप्रैल को रवाना हो चुकी है और अब अगली ट्रिप 22 अप्रैल और 27 अप्रैल को होगी। वहीं, हावड़ा से यह ट्रेन 20 अप्रैल को चली थी और अब 24 व 29 अप्रैल को संचालित की जाएगी। चंडीगढ़ से रात 11:45 बजे प्रस्थान कर यह ट्रेन दूसरे दिन सुबह 6:30 बजे हावड़ा पहुँचती है। ट्रेन में स्लीपर क्लास का किराया 885 रुपये और थर्ड एसी का किराया 2,195 रुपये निर्धारित किया गया है। मांग का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि 22 अप्रैल की यात्रा के लिए स्लीपर में 45 और थर्ड एसी में 34 की वेटिंग लिस्ट पहले ही पहुँच चुकी है।
यह विशेष ट्रेन अपनी यात्रा के दौरान अंबाला कैंट, सहारनपुर, मुरादाबाद, बरेली, सुल्तानपुर, वाराणसी और पंडित दीनदयाल उपाध्याय जंक्शन जैसे प्रमुख स्टेशनों पर रुकेगी। रेलवे के एक प्रवक्ता ने बताया कि इस पहल का मुख्य उद्देश्य पीक सीजन के दौरान नियमित ट्रेनों में बढ़ती वेटिंग लिस्ट को कम करना और यात्रियों को कंफर्म टिकट के अधिक विकल्प प्रदान करना है। धनबाद के पास गोमोह और गया जैसे स्टेशनों पर ठहराव होने से बिहार और झारखंड के यात्रियों को भी इस सेवा का सीधा लाभ मिल रहा है।
चंडीगढ़ रेलवे स्टेशन के अधिकारियों का कहना है कि यात्रियों की बढ़ती संख्या को देखते हुए भविष्य में इस तरह की और भी विशेष सेवाएं शुरू की जा सकती हैं। फिलहाल, यह ट्रेन चंडीगढ़ से हावड़ा तक का सफर लगभग 30 घंटे 45 मिनट में तय कर रही है, जबकि वापसी में यह 34 घंटे 20 मिनट का समय ले रही है। लंबी दूरी के यात्रियों के लिए यह सेवा न केवल समय की बचत कर रही है, बल्कि यात्रा को सुगम और आरामदायक भी बना रही है।