चंडीगढ़ न्यूज डेस्क: हिमाचल प्रदेश में पिछले पांच दिनों से मौसम ने अचानक करवट ली, जिससे राज्य के कई इलाकों में लगातार बारिश और बर्फबारी देखने को मिली। शिमला, मंडी, किन्नौर, लाहौल स्पीति, चंबा और कुल्लू की ऊंची पहाड़ियों पर ताजा हिमपात हुआ, जिससे अप्रैल में भी दिसंबर जैसी ठंड महसूस की गई। हालांकि गुरुवार को मौसम साफ हो गया और धूप निकलने से लोगों को राहत मिली।
मंडी जिले की ऊंची चोटियों पर स्थित शिकारी देवी मंदिर में 2 से 3 फीट तक बर्फबारी दर्ज की गई। बर्फ इतनी ज्यादा थी कि मंदिर का मुख्य द्वार नहीं खुल सका। वहां मौजूद पुजारी ने बाहर ही धूप जलाकर पूजा-अर्चना की और लौट गए। आमतौर पर अप्रैल में यहां की बर्फ पिघल जाती है, लेकिन इस बार मौसम ने अलग ही रुख दिखाया है।
लगातार बारिश का असर सड़कों और ढांचों पर भी पड़ा है। कीरतपुर-मनाली फोरलेन पर मंडी जिले के जागर नाला के पास बना डंगा फिर से ढह गया, जिससे करीब 30 मीटर सड़क क्षतिग्रस्त हो गई। आसपास के घरों पर भी खतरा मंडरा रहा है। स्थानीय लोगों ने प्रशासन से जल्द ठोस कदम उठाने की मांग की है, जबकि निर्माण कंपनी ने नई तकनीक से दोबारा निर्माण की बात कही है।
वहीं, मनाली और आसपास के इलाकों में अब मौसम साफ हो गया है, लेकिन बर्फ के कारण सड़कें फिसलन भरी बनी हुई हैं, खासकर अटल टनल के पास वाहन चालकों को सावधानी बरतने की सलाह दी गई है। मौसम विभाग के अनुसार 9 अप्रैल को फिर से कुछ जगहों पर बारिश और बर्फबारी हो सकती है, जबकि 10 अप्रैल के बाद मौसम धीरे-धीरे सामान्य होने की संभावना है।