चंडीगढ़ न्यूज डेस्क: चंडीगढ़ और इसके आसपास के इलाकों में मौसम का मिजाज अब तेजी से बदलने लगा है। बारिश का दौर थमने के साथ ही शहर में गर्मी ने दस्तक दे दी है, और आने वाले दिनों में लोगों को भीषण गर्मी का सामना करना पड़ सकता है। वर्तमान में उत्तर-पश्चिम भारत के ऊपर करीब 200 किमी प्रति घंटा की रफ्तार वाली तेज हवाएं चल रही हैं, जिसका असर स्थानीय स्तर पर भी दिख रहा है। हालांकि, दोपहर में तेज धूप के कारण गर्मी महसूस हो रही है, लेकिन सुबह और शाम के वक्त अभी भी हल्की ठंडक बनी हुई है।
मौसम विभाग (IMD) के अनुसार, 15 और 16 अप्रैल को एक नया पश्चिमी विक्षोभ (Western Disturbance) पहाड़ों पर सक्रिय होने वाला है। इसका असर जम्मू-कश्मीर, हिमाचल प्रदेश और उत्तराखंड के साथ-साथ मैदानी इलाकों जैसे पंजाब, हरियाणा और चंडीगढ़ में भी देखने को मिलेगा। इस विक्षोभ के चलते 16 और 17 अप्रैल को कुछ स्थानों पर बादल छाए रहने और हल्की बारिश होने की संभावना है, जिससे तापमान में मामूली गिरावट आ सकती है और लोगों को गर्मी से थोड़ी राहत मिल सकती है।
चंडीगढ़ के साथ-साथ मोहाली और पंचकूला (ट्राइसिटी) में भी तापमान में बढ़ोतरी दर्ज की जा रही है। आज इन इलाकों में अधिकतम तापमान 35 डिग्री सेल्सियस और न्यूनतम तापमान 17 डिग्री सेल्सियस के आसपास रहने का अनुमान है। मौसम विभाग के डायरेक्टर सुरेंद्र पाल ने चेतावनी दी है कि अगले दो दिनों तक 30 से 40 किमी प्रति घंटा की रफ्तार से धूल भरी हवाएं चल सकती हैं। विक्षोभ का असर खत्म होते ही मौसम पूरी तरह शुष्क हो जाएगा और पारा 4 से 6 डिग्री सेल्सियस तक ऊपर जा सकता है।
आने वाले दिनों में गर्मी के तेवर और कड़े होने वाले हैं, क्योंकि फिलहाल किसी बड़े मौसमी बदलाव या भारी बारिश के संकेत नहीं हैं। मौसम विभाग ने सलाह दी है कि लोग दोपहर की तेज धूप और लू जैसी स्थिति के लिए तैयार रहें। हालांकि 15 अप्रैल से सक्रिय होने वाला सिस्टम मैदानी इलाकों में ज्यादा राहत नहीं देगा, लेकिन हल्की बूंदाबांदी की उम्मीद जरूर जगा रहा है।